देहरादून : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व गृहमंत्री अमित शाह के बाद अब बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन उत्तराखंड के दौरे पर आने वाले हैं। पांच राज्यों के चुनाव नतीजे के बाद नितिन नबीन उत्तराखंड के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस दौरान भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष उत्तराखंड में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर पार्टी संगठन की तैयारी को भी परखेंगे। नितिन नबीन जहां भाजपा कोर ग्रुप की बैठक के जरिये संगठन की तैयारियों का फीडबैक लेंगे तो वहीं सरकार के मंत्रियों के साथ भी बैठक कर सरकार के कामकाज का ब्यौरा भी जुटाएंगे । इसके अलावा वे जिले और मंडल स्तर के पदाधिकारियों की भी बैठक लेंगे। बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट का कहना है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौर में सरकार और संगठन के साथ विस्तृत चर्चा के साथ ही चुनावी रणनीति पर भी मंथन होगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे को लेकर भाजपा उत्साहित, जोरदार स्वागत की तैयारी
राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नबीन का यह पहला उत्तराखण्ड दौरा रहने वाला है। लिहाजा भाजपा अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष के जोरदार स्वागत की तैयारी में जुट गई है। जॉलीग्रांट एयरपोर्ट से लेकर भाजपा प्रदेश कार्यालय तक राष्ट्रीय अध्यक्ष का जबरदस्त स्वागत किया जाएगा। राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे को लेकर बीजेपी खासा उत्साहित है इसीलिए पहले दौरे को ऐतिहासिक बनाने की तैयारी भी है। जॉलीग्रांट एयरपोर्ट से लेकर भाजपा प्रदेश कार्यालय तक जगह-जगह राष्ट्रीय अध्यक्ष के स्वागत की योजना बनाई जा रही है। पहली बार उत्तराखंड आने पर प्रदेश भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे को भव्य बनाना चाहती है इसलिए स्वागत भी जबरदस्त करने की तैयारी है। लाजमी है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष के दौरे से जहां एक तरफ पार्टी कार्यकर्ताओं का उत्साहवर्धन होगा तो वहीं संगठन को भी मजबूती मिलेगी और एक सकारात्मक संदेश भी जाएगा।
अबकी बार हैट्रिक की तैयारी में है बीजेपी संगठन
पिछले दो बार से उत्तराखण्ड की सत्ता पर काबिज बीजेपी इस बार फिर से राज्य की सत्ता पर अपनी जीत का परचम लहराना चाहती है। इसके लिए बीजेपी ने एड़ी चोटी का जोर लगा के रखा है। हालांकि विपक्षी कांग्रेस के मुकाबले संगठन के तौर पर बीजेपी काफी मजबूत है और हर बूथ पर बीजेपी की एक मजबूत यूनिट है। इसके अलावा भाजपा राष्ट्रीय नेतृत्व की उत्तराखंड में बेहद अधिक सक्रियता भी रहती है। जिसके चलते भाजपा प्रदेश में यह मैसेज देने में कामयाब नजर आती है कि डबल इंजन का पूरा लाभ उत्तराखंड को मिल रहा है। लिहाजा बीजेपी चाहती है कि उत्तराखंड जैसे राज्य पर अपना कब्जा बरकरार रखा जाए।




